इंदौर में, बार-बार सिग्नल तोड़ने वालों के खिलाफ पुलिस अब सख्ती दिखाने वाली है। अब दूसरी बार सिग्नल तोड़ते ही सूचना ऑटोमैटिक वायरलेस सेट पर मिल जाएगी। साथ ही यह लोकेशन भी मिलेगी कि गाड़ी किस चौराहे से निकली है। इसके बाद गाड़ी को जब्त कर लिया जाएगा। इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) में ऐसे ही कुछ अपडेट करने के लिए दिल्ली की टीम काम कर रही है।
90 दिन में यह अपडेशन हो जाएगा। शहर के 14 चौराहों पर लगे ITMS में यह जरूरी बदलाव होंगे। अभी सिग्नल तोड़ने वाले चालकों को पकड़ने के लिए टीम मैन्युअली काम करती है। अभी सबसे बड़ी कमी ये थी कि कोई गाड़ी लगातार सिग्नल तोड़ रही है तो उसकी सूचना देर से मिलती थी। ऐसा सिस्टम बनाया जा रहा है कि किसी वाहन ने लगातार दूसरे चौराहे पर गलती की तो उसकी सूचना तुरंत सेट पर पहुंचेगी। हर चौराहे पर तैनात ट्रैफिक जवान उस गाड़ी को l
*ऑटोमैटिक रद्द हो जाएगा लाइसेंस*
अफसरों ने बताया कि लगातार 5 ई-चालान वाले वाहनों पर कार्रवाई के लिए आरटीओ को पत्र लिखना पड़ता था। कुछ महीने बाद ये प्रोसेस ऑटोमैटिक हो जाएगी। यानी जैसे ही किसी वाहन के 5 चालान बने तो इसकी जानकारी ऑनलाइन आरटीओ विभाग में पहुंच जाएगी। वहां से भी ऑटोमैटिक वाहन के इंश्योरेंस या चालक के लाइसेंस रद्द हो जाएंगे।
*यहां लगा है ITMS सिस्टम*
एलआईजी, रसोमा, स्कीम 78, इंदिरा प्रतिमा चौराहा, लक्ष्मी बाई प्रतिमा चौराहा, टाटा स्टील चौराहा, पल्हर नगर, रामचंद्र नगर, होमगार्ड चौराहा, पीपल्याहाना, बॉम्बे हॉस्पिटल, बंगाली, पत्रकार चौराहा और गिटार चौराहे पर ITMS काम कर रहा है।